ग्वालियर ।
ग्वालियर के फूल बाग मैदान में 15 दिसंबर 2024 को भीम आर्मी द्वारा एक दिवसी धरना प्रदर्शन आयोजित किया गया। इस प्रदर्शन में सैकड़ों की संख्या में लोग शामिल हुए और अपनी आवाज बुलंद की। प्रदर्शन का मुख्य कारण 15 अप्रैल 2024 को लापता हुए रजनीश अखबार का मामला था। रजनीश अखबार, जिनकी उम्र करीब 25 साल थी, ग्वालियर शहर के कोक सिंह का पूरा मौज रूअर क्षेत्र में अपने परिवार के साथ रहते थे, 15 अप्रैल को अचानक लापता हो गए थे।
परिवार ने रजनीश की तलाश में कई प्रयास किए, लेकिन उन्हें कहीं से भी कोई जानकारी नहीं मिली। इस बीच, हजीरा थाना पुलिस ने आठ महीने बाद रजनीश की लाश बरामद की, लेकिन सबसे चौंकाने वाली बात यह थी कि पुलिस ने परिवार को बिना सूचित किए उसका पोस्टमार्टम कर शव को दफन कर दिया। यह पूरी घटना परिवार और स्थानीय समुदाय के लिए अत्यधिक निराशाजनक और रहस्यमय साबित हुई।
प्रदर्शन में उपस्थित लोग इस बात से गुस्से में थे कि पुलिस ने इस मामले में पूरी तरह से लापरवाही दिखाई और मामले की निष्पक्ष जांच नहीं की। भीम आर्मी ने कड़ी निंदा करते हुए पुलिस और प्रशासन से मांग की कि इस लापता मामले की निष्पक्ष जांच की जाए और रजनीश की हत्या की सच्चाई सामने लाई जाए।
प्रदर्शन में शामिल लोगों ने नारे लगाए और न्याय की मांग की। उनका कहना था कि पुलिस का यह कृत्य न केवल मानवाधिकारों का उल्लंघन है, बल्कि यह विश्वासघात भी है। भीम आर्मी के नेताओं ने कहा कि वे इस संघर्ष को तब तक जारी रखेंगे जब तक रजनीश की मौत के मामले में पूरी सच्चाई सामने नहीं आती और दोषियों को सजा नहीं मिलती।
इस प्रदर्शन ने पूरे ग्वालियर शहर को हिलाकर रख दिया है और पुलिस प्रशासन के खिलाफ लोगों में गहरी नाराजगी पैदा कर दी है।
“भीम आर्मी का प्रदर्शन: ग्वालियर में लापता युवक की हत्या की जांच की मांग, 8 महीने बाद शव की अनजानी दफनाई पर गुस्सा”

